सागर - हिंदी दिवस के अवसर पर लीगल राइट्स काउंसिल इंटरनेशनल के तत्वावधान में सेवा पखवाड़ा के अंतर्गत शासकीय स्वशासी कन्या उत्कृष्टता महाविद्यालय (डिग्री कॉलेज) एवं शासकीय पंडित दीनदयाल उपाध्याय आर्ट्स एंड कॉमर्स महाविद्यालय, सागर में “हिंदी से सफलता की ओर” सम्मेलन का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं से हिंदी भाषा की महत्ता, उसकी व्यापक संभावनाओं तथा हिंदी के माध्यम से शिक्षा, रोजगार एवं सफलता के अवसरों को लेकर संवाद किया गया। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि श्रीमती अनुश्री जैन ने अपने उद्बोधन में कहा कि हिंदी केवल हमारी भाषा नहीं, बल्कि हमारी पहचान, संस्कृति और आत्मविश्वास का सशक्त माध्यम है। विद्यार्थियों को हिंदी के साथ अन्य भाषाओं का ज्ञान प्राप्त करते हुए अपनी मातृभाषा के प्रति गौरव की भावना बनाए रखनी चाहिए।
शासकीय कन्या महाविद्यालय में माँ सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलन के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। इस दौरान भारतीय न्याय व्यवस्था में हिंदी के बढ़ते महत्व पर भी चर्चा की गई। सर्वोच्च न्यायालय द्वारा अपने निर्णयों को हिंदी सहित भारतीय भाषाओं में उपलब्ध कराने की दिशा में किए जा रहे प्रयासों को न्याय को जनसामान्य के लिए अधिक सुलभ बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण बताया गया।
पंडित दीनदयाल उपाध्याय महाविद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने प्रश्नोत्तर सत्र में उत्साहपूर्वक सहभागिता की तथा “हिंदी के इतिहास” से जुड़े प्रश्नों के आत्मविश्वास के साथ उत्तर दिए।
कार्यक्रम में शासकीय स्वशासी कन्या उत्कृष्टता महाविद्यालय के प्राचार्य आनंद तिवारी, जनभागीदारी समिति अध्यक्ष श्रीमती मनीषा मिश्रा सहित प्राध्यापकगण एवं छात्र-छात्राएं तथा पंडित दीनदयाल उपाध्याय महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. सरोज गुप्ता, प्राध्यापकगण एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को हिंदी को ज्ञान, संवाद और सफलता का प्रभावी माध्यम बनाने का संदेश दिया गया।